गर्भवती महिलाओं से सम्बंधित

शुभ महूर्त

सीमान्त संस्कार

विवाह पश्चात गर्भवती स्त्री के गर्भ की सुरक्षा हेतु गर्भ धारण से छठे या आठवें माह में किया जाने वाला संस्कार

वार  रविवार, मंगलवार, बुधवार
तिथि द्वितीया, तृतीया, पंचमी, सप्तमी, दशमी
नक्षत्र मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, हस्त, मूल, श्रवण
लग्न  मेष, मिथुन, सिंह, तुला, धनु, कुम्भ

गर्भवती स्त्री का संतान होने से पूर्व पिता घर जाने का

शुभ महूर्त 

वार  सोमवार, गुरूवार, शुक्रवार
पक्ष कृष्ण पक्ष, शुक्ल पक्ष दोनों
नक्षत्र अश्विनी, कृतिका, रोहिणी, मृगशिरा, पुनर्वसु, पुष्य, हस्त, चित्र, स्वाति, विशाखा, अनुराधा, श्रवण,धनिष्ठा और रेवती शुभ लग्न माने गये हैं.
लग्न  मेष, मिथुन, सिंह, तुला, धनु, कुम्भ