" ज्योतिष भाग्य नहीं बदलता बल्कि कर्म पथ बताता है , और सही कर्म से भाग्य को बदला जा सकता है इसमें कोई संदेह नहीं है "
- पं. दीपक दूबे
" ज्योतिष भाग्य नहीं बदलता बल्कि कर्म पथ बताता है , और सही कर्म से भाग्य को बदला जा सकता है इसमें कोई संदेह नहीं है "
- पं. दीपक दूबे
Pt Deepak Dubey

Ashaad Chaturthi/Ashaad Sankashti Ganesh Chaturthi/ Sankashti Chaturthi/ Shri Ganesh Chaturthi/आषाढ़ चतुर्थी/श्री गणेश चौथ व्रत कथा /आषाढ़ मासी गणेश चतुर्थी/ गणेश चतुर्थी

chaitra sankashti

आषाढ़  संकष्टी चतुर्थी व्रत तिथि 1 जुलाई (रविवार) 2018 

चतुर्थी तिथि आरम्भ : 1 जुलाई , 5:54 PM

चतुर्थी तिथि समाप्त : 2 जुलाई , 8:20 PM

इस दिन ‘लम्बोदर’ नामक गणेश का विधि पूर्वक पूजन करना चाहिए .

व्रत का फल : भक्ति पूर्वक श्री गणेश का व्रत करने से  सभी संकट दूर हो जाते हैं .

आषाढ़ गणेश चौथ व्रत कथा 

पूर्वकाल में माहिष्मती नगरी में महीजित नाम का धर्मात्मा राजा था ,उसके कोई पुत्र नहीं था . रात दिन पुत्र की चिन्ता में रहता ,पुत्र प्राप्ति के लिए दान पुण्य किया परन्तु पुत्र नहीं हुआ .राजा ने अपने राज्य के ब्राहमणों तथा प्रजा जनों को बुलाया और उनसे पुछा –हे ब्राह्मणों और प्रजाजनों !मैंने धर्मपूर्वक प्रजा का पालन किया . देव और ब्राहमणों की पूजा की . धैर्यपूर्वक अपने सारे कर्तव्यो का पालन किया , परन्तु मेरे सन्तान नहीं हैं , इसका क्या कारण हैं ?

सभी ने बहुत सोच विचार कर रजा के साथ  वन में जाकर लोमेश मुनि से मिलकर इस समस्या का समाधान पूछना  उचित समझा.  ऋषि बोले – हे ब्राह्मणों ! राजा यदि भक्ति से संकटों के विनाशक श्री गणेश चौथ का व्रत करें . आषाढ़ मास में लम्बोदर का पूजन विधि पूर्वक करें तो सन्तान प्राप्ति होगी.

राजा ने सभी ब्राह्मणों और प्रजाजनों को सत्कार कर विदा किया और भक्तिपूर्वक गणेश चौथ का व्रत करने लगा . श्री गणेश की कृपा से सुद्क्षिणा रानी के गर्भाधान हुआ और दसवें मास सुन्दर पुत्र पैदा हुआ . राजा ने बहुत बड़ा उत्सव मनाया ब्राह्मणों तथा याचकों को बहुत सा धन दिया . श्री गणेश का ऐसा ही प्रभाव हैं . जो व्यक्ति भक्ति पूर्वक श्री गणेश का व्रत करता है उसके सभी संकट दूर हो जाते हैं . इस लिए सभी को इस व्रत को करना चाहिए

ज्येष्ठ संकष्टी गणेश चतुर्थी      संकष्टी गणेश चतुर्थी व्रत तिथि 2018    श्रावण संकष्टी गणेश चतुर्थी     

आषाढ़ गुप्त नवरात्र 2018


Puja of this Month
New Arrivals
Copyright © 2017 astrotips.in. All Rights Reserved.
Design & Developed by : v2Web