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कुल अवधि – 3 घंटे 24 मिनट सूतक – 07:07 – 20:42
सूतक में क्या करें और क्या न करें >
वर्ष 2018 का सबसे पहला ग्रहण चंद्रग्रहण होगा . यह चन्द्र ग्रहण 31 जनवरी 2018 को लगेगा । माघ शुक्ल पूर्णिमा के दिन होने वाला यह ग्रहण खग्रास चंद्रग्रहण होगा। यह ग्रहण संपूर्ण भारत में दिखाई देगा। शाम को 5 बजकर 18 मिनट पर प्रारंभ होने वाला यह ग्रहण रात्रि 8 बजकर 42 मिनट पर समाप्त होगा। ग्रहण की कुल अवधि 3 घंटे 24 मिनट होगी। पूर्वी भारत, असम, नागालैंड, मिजोरम, सिक्किम तथा बंगाल के पूर्वी क्षेत्र में ग्रहण प्रारंभ होने के पहले ही चंद्रोदय हो जाएगा। इसलिए इन प्रदेशोें में खग्रास रूप में चंद्रग्रहण पूरा दिखाई देगा।
यदि आपकी कुंडली में ग्रहण दोष है तो “ग्रहण दोष शांति पूजा” के लिए यह दिन सर्वोत्तम है. “पितृ दोष शांति ” और “वैदिक चन्द्र शांति पूजा ” के लिए भी यह दिन उपयुक्त माना जाता है. इस दिन किये गये कार्यों का प्रभाव कई गुना अधिक हो जाता है इसलिए मन्त्र सिद्धि और किसी भी तरह के धार्मिक अनुष्ठान करने के लिए ग्रहण का दिन अत्यंत ही उपयुक्त माना गया है.
दान : चावल , आटा , दाल , वस्त्र , फल इत्यादि का दान सर्वोत्तम
पढ़ें ‘राशिफल 2018‘ सफलता के सूत्र के साथ
यह राशिफल सूर्य या चन्द्र राशि पर आधारित न होकर लग्न पर आधारित है तथा बहुत ही सामान्य आधार पर है अतः किसी विशेष परिस्थिति में अपनी कुंडली की जाँच कराकर ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचे . अच्छे या बुरे परिणाम आपकी वर्तमान दशा- अंतर दशा पर निर्भर करते हैं.
मेष: धन लाभ , उन्नति , मात्री कष्ट , पारिवारिक कष्ट
वृषभ: बहनों को कष्ट , करीबियों से धोखा , भाग्य पक्ष कमजोर
मिथुन: धन हानि , यात्रा , कुटुंब से परेशानी और अष्ट , वाणी दोष , शिक्षा में व्यवधान , शारीरिक कष्ट
कर्क: दुर्घटना का भी , शरीक कष्ट , अपमान और हानि
सिंह: यात्रा , बहुत अधिक व्यय और चिंता , अनजाना भय
कन्या: आर्थिक लाभ , बौद्धिक क्षमता बेहतर , शिक्षा में सफलता , धन के स्रोत में वृद्धि
तुला: रोग , कष्ट , भय , पद हानि , पिता को कष्ट
वृश्चिक: भाग्य अवरोधक , बड़ी हानि , मानसिक कष्ट
धनु: शत्रु भय , अपमान , शरीक कष्ट , जल से भय , खर्च की अधिकता
मकर : जीवन साथी को कष्ट , विछोह, सजेह्दरी में हानि , आर्थिक कष्ट और पारिवारिक विवाद
कुम्भ: रोग और शत्रुओं से हानि , गुप्त शत्रु उत्पन्न , चिंता और संघर्ष की स्थिति
मीन: शिक्षा में बाधा , मन परेशां , अनजाना भय , प्रगति में बाधा , गर्भवती महिलों को कष्ट , संतान से कष्ट
शुभम भवतु
पं. दीपक दूबे (View Profile)